शौक़ीनों के लिए सरकार की यह योजना बनी वरदान

उत्तराखंड घूमने के शौक़ीनों के लिए सरकार की यह योजना बनी वरदान, दिला रही खास सुविधा  

अगर आप घूमने के शौक़ीन हैं, साथ ही किफायती दाम और लजीज़ व्यंजनों का लुत्फ उठाना चाहते हैं तो आपके लिए एक बेहतरीन अनुभव साबित हो सकती है उत्तराखंड पर्यटन विभाग द्वारा चलाई जा रही शानदार योजना 'होम स्टे'। यहां पहाड़ों की शांत वादियों में घर जैसी सुविधाएं सुकून देती हैं और हरियाली व बर्फ से ढके पहाड़ों की रोमांचक जिंदगी आपको तरोताज़ा कर देती है। 

पर्यटक, संस्कृति और पंरपराओं को मिलेगा बढ़ावा 

पहाड़ी राज्य उत्तराखंड हमेशा से सैलानियों की पसंदीदा जगह रही है। जहां आस्था से लेकर रोमांच तक  कई तरह के अनुभव पर्यटकों को होते हैं। अभी तक पर्यटक होटलों और गेस्ट हाउसेज में ठहरते थे। लेकिन अब राज्य में चलाई जा रही योजना होम स्टे प्रयटकों को काफी लुभा रही है। यह योजना किफायती होने के साथ ही पर्यटक उत्तराखंड के लजीज व्यंजनों का भी आनंद ले सकते हैं। ये योजना अब दिनोंदिन देश-विदेश में भी लोकप्रिय होती जा रही है। 

उत्तराखंड: दीनदयाल उपाध्याय गृह आवास योजना   

उत्तराखंड में 'दीनदयाल उपाध्याय गृह आवास योजना' के तहत उताराखंड के निवासी अपने खाली पड़े घर या जमीन को होम स्टे में परिवर्तित कर आय प्राप्त कर सकेंगे। सरकार की इस योजना से पहाड़ी क्षेत्रों में स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। फलस्वरूप पहाड़ों से पलायन को रोकने में मदद मिलेगी। दुर्गम पहाड़ी क्षेत्रों में रोज़गार के अवसर उपलब्ध कराने एवं पर्यटन को बढ़ावा देने में यह योजना विशेष योगदान निभा रही है। 

इस बाबत राज्य के पर्यटन सचिव ने बताया कि दीन दयाल उपाध्याय गृह आवास योजना उत्तराखंड में पलायन को रोकने और रोजगार को बढ़ावा देने वाली एक महत्वकांक्षी योजना है जिसमें स्थानीय लोग अपने घरों को होम स्टे के रूप में पंजीकृत करवाते हैं या फिर अपनी भूमि पर नया होम स्टे बनाते हैं। 

2021 में 5000 होम स्टे किए जाएंगे विकसित 

उत्तराखंड पर्यटन के सचिव दिलीप जावलकर बताते हैं कि इस योजना के तहत यदि कोई इंफ्रास्ट्रक्चर बनाना है तो राज्य सरकार उसमें मदद करती है। ओवरऑल उनकी सभी आवश्यकताओं को देखते हुए सरकार कार्य कर रही है। इन होम स्टे का एक्रेडेटेशन भी पर्यटन विभाग कराता है। उनकी मार्केटिंग करने की जिम्मेदारी भी पर्यटन विभाग लेगा। इस तरह से इस योजना के हर पहलू को पर्यटन विभाग प्रोत्साहित करना चाह रहा है। 

पलायन को रोकना और रोजगार देना है मकसद 

होम स्टे चलाने वाले नौजवान भी इस योजना से काफी उत्साहित हैं। उम्मीद की जानी चाहिए की उत्तराखंड सरकार द्वारा चलाई जा रही यह योजना पलायन को रोकने के साथ-साथ नौजवानों को पर्यटन के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कारगर सिद्ध होगी। उत्तराखंड में राज्य सरकार द्वारा चलाए जा रहे ये होम स्टे से जहां सैंकड़ो नौजवानों को रोजगार मिल रहा है वहीं पर्यटकों को भी पारीवारिक माहौल के साथ यहां की संसकृति को करीब से जानने और समझने का मौका मिल रहा है।

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